गणित (७१) ज्यामिति - भाग २
SSC 10th Board Exam Solution | 2025 Revised Course
अंक: 40 | समय: 2 घंटे | हिंदी माध्यम (Hindi Medium)
प्रश्न १. (A) नीचे दिये गये पर्यायों में से उचित पर्याय चुनकर लिखिए : (4 अंक)
(1)
निम्नलिखित में से कौनसा पायथागोरस का त्रिक् है ?
स्पष्टीकरण:
(3, 4, 5) में, \(3^2 + 4^2 = 9 + 16 = 25\) और \(5^2 = 25\). अतः \(a^2 + b^2 = c^2\) होने के कारण यह पायथागोरस का त्रिक् है।
उत्तर: (B)
उत्तर: (B)
(2)
‘O’ केंद्र वाले वृत्त में अंतर्लिखित \(\angle ACB\) का माप \(65^\circ\) है, तो उसके द्वारा अंतःखंडित चाप AXB का माप कितना ?
स्पष्टीकरण:
अंतःखंडित चाप का माप = \(2 \times\) अंतर्लिखित कोण का माप।
\(m(\text{चाप } AXB) = 2 \times 65^\circ = 130^\circ\).
उत्तर: (D)
\(m(\text{चाप } AXB) = 2 \times 65^\circ = 130^\circ\).
उत्तर: (D)
(3)
(3, 4) इस बिंदु की आरंभ बिंदु से दूरी .................... है।
स्पष्टीकरण:
दूरी = \(\sqrt{x^2 + y^2} = \sqrt{3^2 + 4^2} = \sqrt{9 + 16} = \sqrt{25} = 5\).
उत्तर: (C)
उत्तर: (C)
(4)
किसी शंकु की त्रिज्या 5 सेमी तथा उसकी लंब ऊँचाई 12 सेमी हो, तो उसकी तिरछी ऊँचाई ..................... होगी।
स्पष्टीकरण:
तिरछी ऊँचाई \(l = \sqrt{r^2 + h^2} = \sqrt{5^2 + 12^2} = \sqrt{25 + 144} = \sqrt{169} = 13\) सेमी।
उत्तर: (C)
उत्तर: (C)
प्रश्न १. (B) निम्नलिखित उप-प्रश्न हल कीजिए : (4 अंक)
(1)
\(\Delta ABC\) में \(B-D-C\) तथा \(BD = 7, BC = 20\), तो \(\frac{A(\Delta ABD)}{A(\Delta ABC)}\) = कितना ?
हल:
\(\Delta ABD\) और \(\Delta ABC\) का सामान्य शीर्षबिंदु A है और उनके आधार एक ही रेखा पर स्थित हैं। अतः उनकी ऊँचाई समान है।
समान ऊँचाई वाले त्रिभुजों के क्षेत्रफल उनके आधारों के अनुपात में होते हैं।
\(\therefore \frac{A(\Delta ABD)}{A(\Delta ABC)} = \frac{BD}{BC}\)
\(= \frac{7}{20}\)
उत्तर: 7/20
समान ऊँचाई वाले त्रिभुजों के क्षेत्रफल उनके आधारों के अनुपात में होते हैं।
\(\therefore \frac{A(\Delta ABD)}{A(\Delta ABC)} = \frac{BD}{BC}\)
\(= \frac{7}{20}\)
उत्तर: 7/20
(2)
नीचे दी गई आकृति में \(\angle MNP = 90^\circ\), रेख \(NQ \perp\) रेख \(MP\), \(MQ = 9\), \(QP = 4\), तो NQ ज्ञात कीजिए।
हल:
भूमितीय माध्य के प्रमेय अनुसार:
\(NQ^2 = MQ \times QP\)
\(NQ^2 = 9 \times 4\)
\(NQ^2 = 36\)
\(NQ = 6\) इकाई।
\(NQ^2 = MQ \times QP\)
\(NQ^2 = 9 \times 4\)
\(NQ^2 = 36\)
\(NQ = 6\) इकाई।
(3)
किसी रेखा द्वारा X-अक्ष की धनात्मक दिशा की ओर निर्मित कोण का माप \(30^\circ\) है, तो उस रेखा का ढाल ज्ञात कीजिए।
हल:
यहाँ, झुकाव कोण \(\theta = 30^\circ\)।
रेखा का ढाल \(m = \tan \theta\)
\(m = \tan 30^\circ\)
\(m = \frac{1}{\sqrt{3}}\)
रेखा का ढाल \(m = \tan \theta\)
\(m = \tan 30^\circ\)
\(m = \frac{1}{\sqrt{3}}\)
(4)
चक्रीय चतुर्भुज ABCD में \(m\angle A = 100^\circ\), तो \(m\angle C\) ज्ञात कीजिए।
हल:
चक्रीय चतुर्भुज के सम्मुख कोण संपूरक होते हैं।
\(\therefore \angle A + \angle C = 180^\circ\)
\(100^\circ + \angle C = 180^\circ\)
\(\angle C = 180^\circ - 100^\circ = 80^\circ\)।
\(\therefore \angle A + \angle C = 180^\circ\)
\(100^\circ + \angle C = 180^\circ\)
\(\angle C = 180^\circ - 100^\circ = 80^\circ\)।
प्रश्न २. (A) निम्नलिखित कृति पूर्ण करके लिखिए (कोई दो) : (4 अंक)
(1)
‘P’ केंद्र वाले वृत्त की त्रिज्या 10 सेमी है। जीवा AB द्वारा वृत्त केंद्र पर समकोण बनाया गया हो, तो द्वैत्रिज्य का क्षेत्रफल ज्ञात करने के लिए निम्न कृति पूर्ण कीजिए। (\(\pi = 3.14\))
कृति:
\(r = 10\) सेमी, \(\theta = 90^\circ\), \(\pi = 3.14\).
\(A(P-AXB) = \frac{\theta}{360} \times\) \(\pi r^2\)
\(= \frac{\text{\class{input-box}{90}}}{360} \times 3.14 \times 10^2\)
\(= \frac{1}{4} \times\) 314
\(A(P-AXB) =\) 78.5 वर्गसेमी.
\(A(P-AXB) = \frac{\theta}{360} \times\) \(\pi r^2\)
\(= \frac{\text{\class{input-box}{90}}}{360} \times 3.14 \times 10^2\)
\(= \frac{1}{4} \times\) 314
\(A(P-AXB) =\) 78.5 वर्गसेमी.
(2)
नीचे दी गई आकृति में जीवा MN और जीवा RS एक-दूसरे को बिंदु D में प्रतिच्छेदित करती हैं। यदि RD = 15, DS = 4, MD = 8, तो DN ज्ञात करने के लिए निम्न कृति पूर्ण कीजिए :
कृति:
\(MD \times DN =\) RD \(\times DS\) ... (जीवाओं के अंतःछेदन प्रमेय से)
8 \(\times DN = 15 \times 4\)
\(DN = \frac{\text{\class{input-box}{60}}}{8}\)
\(DN =\) 7.5
8 \(\times DN = 15 \times 4\)
\(DN = \frac{\text{\class{input-box}{60}}}{8}\)
\(DN =\) 7.5
(3)
किसी पेड़ के तने से 10 मी. की दूरी पर खड़ा निरीक्षक पेड़ की चोटी की ओर देखता है तब \(60^\circ\) माप का उन्नत कोण बनता है। तो उस पेड़ की ऊँचाई ज्ञात करने के लिए निम्न कृति पूर्ण कीजिए। (\(\sqrt{3} = 1.73\))
कृति:
\(\tan \theta = \frac{\text{\class{input-box}{AB}}}{BC}\) ... (I)
\(\tan 60^\circ =\) \(\sqrt{3}\) ... (II)
\(\frac{AB}{BC} = \sqrt{3}\)
\(AB = BC \times \sqrt{3} = 10\sqrt{3}\)
\(AB = 10 \times 1.73 =\) 17.3
\(\therefore\) पेड़ की ऊँचाई 17.3 मी. है।
\(\tan 60^\circ =\) \(\sqrt{3}\) ... (II)
\(\frac{AB}{BC} = \sqrt{3}\)
\(AB = BC \times \sqrt{3} = 10\sqrt{3}\)
\(AB = 10 \times 1.73 =\) 17.3
\(\therefore\) पेड़ की ऊँचाई 17.3 मी. है।
प्रश्न २. (B) निम्नलिखित उप-प्रश्न हल कीजिए (कोई चार) : (8 अंक)
(1)
\(\Delta ABC\) में \(DE \parallel BC\)। यदि \(DB = 5.4\) सेमी, \(AD = 1.8\) सेमी, \(EC = 7.2\) सेमी, तो AE का मान ज्ञात कीजिए।
हल:
\(\Delta ABC\) में \(DE \parallel BC\)। समानुपात के मूलभूत प्रमेय (BPT) से:
\(\frac{AD}{DB} = \frac{AE}{EC}\)
\(\frac{1.8}{5.4} = \frac{AE}{7.2}\)
\(\frac{1}{3} = \frac{AE}{7.2}\)
\(AE = \frac{7.2}{3}\)
\(AE = 2.4\) सेमी।
\(\frac{AD}{DB} = \frac{AE}{EC}\)
\(\frac{1.8}{5.4} = \frac{AE}{7.2}\)
\(\frac{1}{3} = \frac{AE}{7.2}\)
\(AE = \frac{7.2}{3}\)
\(AE = 2.4\) सेमी।
(2)
नीचे दी गई आकृति में, \(\Delta PSR\) में दी गई जानकारी से RS और PS ज्ञात कीजिए। (दिया गया है: \(\angle S = 90^\circ, \angle P = 30^\circ, PR = 12\))
हल:
\(\Delta PSR\) में, \(\angle S = 90^\circ, \angle P = 30^\circ\), अतः \(\angle R = 60^\circ\)।
यह \(30^\circ-60^\circ-90^\circ\) माप वाला त्रिभुज है।
\(30^\circ\) कोण के सामने की भुजा (RS) कर्ण (PR) की आधी होती है।
\(RS = \frac{1}{2} PR = \frac{1}{2} \times 12 = 6\) इकाई।
\(60^\circ\) कोण के सामने की भुजा (PS) कर्ण की \(\frac{\sqrt{3}}{2}\) गुना होती है।
\(PS = \frac{\sqrt{3}}{2} PR = \frac{\sqrt{3}}{2} \times 12 = 6\sqrt{3}\) इकाई।
यह \(30^\circ-60^\circ-90^\circ\) माप वाला त्रिभुज है।
\(30^\circ\) कोण के सामने की भुजा (RS) कर्ण (PR) की आधी होती है।
\(RS = \frac{1}{2} PR = \frac{1}{2} \times 12 = 6\) इकाई।
\(60^\circ\) कोण के सामने की भुजा (PS) कर्ण की \(\frac{\sqrt{3}}{2}\) गुना होती है।
\(PS = \frac{\sqrt{3}}{2} PR = \frac{\sqrt{3}}{2} \times 12 = 6\sqrt{3}\) इकाई।
(3)
नीचे दी गई आकृति में, D केंद्र वाला वृत्त \(\angle ACB\) की भुजाओं को बिंदु A और B में स्पर्श करता है। यदि \(\angle ACB = 52^\circ\), तो \(\angle ADB\) का माप ज्ञात कीजिए।
हल:
स्पर्श रेखा-त्रिज्या प्रमेय के अनुसार, त्रिज्या स्पर्श रेखा पर स्पर्श बिंदु पर लंब होती है।
\(\therefore \angle CAD = 90^\circ\) और \(\angle CBD = 90^\circ\)।
चतुर्भुज ADBC में चारों कोणों के मापों का योग \(360^\circ\) होता है।
\(\angle ACB + \angle CAD + \angle ADB + \angle CBD = 360^\circ\)
\(52^\circ + 90^\circ + \angle ADB + 90^\circ = 360^\circ\)
\(232^\circ + \angle ADB = 360^\circ\)
\(\angle ADB = 360^\circ - 232^\circ = 128^\circ\)।
\(\therefore \angle CAD = 90^\circ\) और \(\angle CBD = 90^\circ\)।
चतुर्भुज ADBC में चारों कोणों के मापों का योग \(360^\circ\) होता है।
\(\angle ACB + \angle CAD + \angle ADB + \angle CBD = 360^\circ\)
\(52^\circ + 90^\circ + \angle ADB + 90^\circ = 360^\circ\)
\(232^\circ + \angle ADB = 360^\circ\)
\(\angle ADB = 360^\circ - 232^\circ = 128^\circ\)।
(4)
बिंदु A(1, –3), B(2, –5) और C(–4, 7) एकरेखीय हैं या नहीं, इसकी जाँच कीजिए।
हल:
रेखा AB का ढाल = \(\frac{y_2 - y_1}{x_2 - x_1} = \frac{-5 - (-3)}{2 - 1} = \frac{-2}{1} = -2\)।
रेखा BC का ढाल = \(\frac{y_3 - y_2}{x_3 - x_2} = \frac{7 - (-5)}{-4 - 2} = \frac{12}{-6} = -2\)।
यहाँ रेखा AB का ढाल = रेखा BC का ढाल, और बिंदु B सामान्य है।
\(\therefore\) बिंदु A, B, और C एकरेखीय हैं।
रेखा BC का ढाल = \(\frac{y_3 - y_2}{x_3 - x_2} = \frac{7 - (-5)}{-4 - 2} = \frac{12}{-6} = -2\)।
यहाँ रेखा AB का ढाल = रेखा BC का ढाल, और बिंदु B सामान्य है।
\(\therefore\) बिंदु A, B, और C एकरेखीय हैं।
(5)
यदि \(\sin \theta = \frac{11}{61}\), तो सर्वसमिका का उपयोग करके \(\cos \theta\) का मान ज्ञात कीजिए।
हल:
सर्वसमिका: \(\sin^2 \theta + \cos^2 \theta = 1\)
\((\frac{11}{61})^2 + \cos^2 \theta = 1\)
\(\frac{121}{3721} + \cos^2 \theta = 1\)
\(\cos^2 \theta = 1 - \frac{121}{3721} = \frac{3721 - 121}{3721} = \frac{3600}{3721}\)
दोनों पक्षों का वर्गमूल लेने पर,
\(\cos \theta = \frac{60}{61}\).
\((\frac{11}{61})^2 + \cos^2 \theta = 1\)
\(\frac{121}{3721} + \cos^2 \theta = 1\)
\(\cos^2 \theta = 1 - \frac{121}{3721} = \frac{3721 - 121}{3721} = \frac{3600}{3721}\)
दोनों पक्षों का वर्गमूल लेने पर,
\(\cos \theta = \frac{60}{61}\).
प्रश्न ३. (A) निम्नलिखित कृति पूर्ण करके पुनः लिखिए (कोई एक) : (3 अंक)
(1)
नीचे दी गई आकृति में, रेख XY \(\parallel\) भुजा AC। यदि \(2AX = 3BX\) और \(XY = 9\), तो AC का मान ज्ञात करने के लिए निम्नलिखित कृति पूर्ण कीजिए।
कृति:
\(2AX = 3BX \implies \frac{AX}{BX} = \) \(\frac{3}{2}\)
\(\frac{AX + BX}{BX} = \frac{3+2}{2}\) ... (योगानुपात की क्रिया से)
\(\frac{\text{\class{input-box}{AB}}}{BX} = \frac{5}{2}\) ... (I)
अब, \(\Delta BCA \sim \Delta BYX\) ... (समरूपता की को-को कसौटी)
\(\therefore \frac{BA}{BX} = \frac{AC}{XY}\)
\(\frac{\text{\class{input-box}{5}}}{\text{\class{input-box}{2}}} = \frac{AC}{9}\) ... (I) से
\(\therefore AC =\) 22.5
\(\frac{AX + BX}{BX} = \frac{3+2}{2}\) ... (योगानुपात की क्रिया से)
\(\frac{\text{\class{input-box}{AB}}}{BX} = \frac{5}{2}\) ... (I)
अब, \(\Delta BCA \sim \Delta BYX\) ... (समरूपता की को-को कसौटी)
\(\therefore \frac{BA}{BX} = \frac{AC}{XY}\)
\(\frac{\text{\class{input-box}{5}}}{\text{\class{input-box}{2}}} = \frac{AC}{9}\) ... (I) से
\(\therefore AC =\) 22.5
(2)
समचतुर्भुज की भुजाओं के वर्गों का योगफल उसके विकर्णों के वर्गों के योगफल के बराबर होता है, यह सिद्ध करने के लिए निम्नलिखित कृति पूर्ण कीजिए।
कृति:
PQRS एक समचतुर्भुज है। विकर्ण परस्पर बिंदु T पर प्रतिच्छेदित करते हैं।
\(\Delta PQS\) में, PT माध्यिका है। अपोलोनियस के प्रमेयानुसार:
\(PQ^2 + PS^2 =\) \(2PT^2\) \(+ 2QT^2\) ... (I)
\(\Delta QRS\) में, RT माध्यिका है:
\(QR^2 + SR^2 =\) \(2RT^2\) \(+ 2QT^2\) ... (II)
(I) तथा (II) को जोड़ने पर:
\(PQ^2+PS^2+QR^2+SR^2 = 2(PT^2 +\) \(RT^2\) \() + 4QT^2\)
चूँकि \(PT=RT\), तो \(2(PT^2+PT^2) = 4PT^2\).
\(= 4PT^2 + 4QT^2\)
\(= (\) \(2PT\) \()^2 + (2QT)^2\) (नोट: \(2PT = PR\) और \(2QT = SQ\))
\(\therefore PQ^2+PS^2+QR^2+SR^2 = PR^2 +\) \(QS^2\)
\(\Delta PQS\) में, PT माध्यिका है। अपोलोनियस के प्रमेयानुसार:
\(PQ^2 + PS^2 =\) \(2PT^2\) \(+ 2QT^2\) ... (I)
\(\Delta QRS\) में, RT माध्यिका है:
\(QR^2 + SR^2 =\) \(2RT^2\) \(+ 2QT^2\) ... (II)
(I) तथा (II) को जोड़ने पर:
\(PQ^2+PS^2+QR^2+SR^2 = 2(PT^2 +\) \(RT^2\) \() + 4QT^2\)
चूँकि \(PT=RT\), तो \(2(PT^2+PT^2) = 4PT^2\).
\(= 4PT^2 + 4QT^2\)
\(= (\) \(2PT\) \()^2 + (2QT)^2\) (नोट: \(2PT = PR\) और \(2QT = SQ\))
\(\therefore PQ^2+PS^2+QR^2+SR^2 = PR^2 +\) \(QS^2\)
प्रश्न ३. (B) निम्नलिखित उप-प्रश्न हल कीजिए (कोई दो) : (6 अंक)
(1)
सिद्ध कीजिए कि, बिंदु P(1, –2), Q(5, 2), R(3, –1) और S(–1, –5) समांतर चतुर्भुज के शीर्षबिंदु हैं।
हल:
समांतर चतुर्भुज के विकर्ण एक-दूसरे को समद्विभाजित करते हैं। यदि विकर्णों के मध्यबिंदु समान हों, तो वह समांतर चतुर्भुज होता है।
विकर्ण PR का मध्यबिंदु = \(\left(\frac{1+3}{2}, \frac{-2+(-1)}{2}\right) = (2, -1.5)\)।
विकर्ण QS का मध्यबिंदु = \(\left(\frac{5+(-1)}{2}, \frac{2+(-5)}{2}\right) = \left(\frac{4}{2}, \frac{-3}{2}\right) = (2, -1.5)\)।
यहाँ दोनों विकर्णों का मध्यबिंदु समान है।
\(\therefore \square PQRS\) एक समांतर चतुर्भुज है।
विकर्ण PR का मध्यबिंदु = \(\left(\frac{1+3}{2}, \frac{-2+(-1)}{2}\right) = (2, -1.5)\)।
विकर्ण QS का मध्यबिंदु = \(\left(\frac{5+(-1)}{2}, \frac{2+(-5)}{2}\right) = \left(\frac{4}{2}, \frac{-3}{2}\right) = (2, -1.5)\)।
यहाँ दोनों विकर्णों का मध्यबिंदु समान है।
\(\therefore \square PQRS\) एक समांतर चतुर्भुज है।
(2)
सिद्ध कीजिए कि, ‘‘वृत्त के बाह्य भाग में स्थित बिंदु से उस वृत्त पर खींचे गए स्पर्श रेखाखंड सर्वांगसम होते हैं।’’
उपपत्ति:
दत्त: केंद्र O वाले वृत्त के बाह्य भाग में बिंदु P है। PA और PB स्पर्श रेखाखंड हैं।
साध्य: रेख PA \(\cong\) रेख PB।
रचना: त्रिज्या OA और OB खींचिए। रेख OP खींचिए।
उपपत्ति: \(\Delta OAP\) और \(\Delta OBP\) में,
\(\angle OAP = \angle OBP = 90^\circ\) (स्पर्श रेखा-त्रिज्या प्रमेय)
कर्ण OP \(\cong\) कर्ण OP (सामान्य भुजा)
भुजा OA \(\cong\) भुजा OB (एक ही वृत्त की त्रिज्याएँ)
\(\therefore \Delta OAP \cong \Delta OBP\) (कर्ण-भुजा कसौटी)
\(\therefore\) रेख PA \(\cong\) रेख PB (सर्वांगसम त्रिभुजों की संगत भुजाएँ)
इति सिद्धम्।
साध्य: रेख PA \(\cong\) रेख PB।
रचना: त्रिज्या OA और OB खींचिए। रेख OP खींचिए।
उपपत्ति: \(\Delta OAP\) और \(\Delta OBP\) में,
\(\angle OAP = \angle OBP = 90^\circ\) (स्पर्श रेखा-त्रिज्या प्रमेय)
कर्ण OP \(\cong\) कर्ण OP (सामान्य भुजा)
भुजा OA \(\cong\) भुजा OB (एक ही वृत्त की त्रिज्याएँ)
\(\therefore \Delta OAP \cong \Delta OBP\) (कर्ण-भुजा कसौटी)
\(\therefore\) रेख PA \(\cong\) रेख PB (सर्वांगसम त्रिभुजों की संगत भुजाएँ)
इति सिद्धम्।
(3)
4.1 सेमी त्रिज्या वाला एक वृत्त खींचिए। वृत्त के केंद्र से 7.3 सेमी दूर स्थित बिंदु से स्पर्श रेखा खींचिए।
रचना के सोपान:
1. केंद्र O लेकर 4.1 सेमी त्रिज्या का वृत्त खींचिए।
2. केंद्र O से 7.3 सेमी दूरी पर बिंदु P लीजिए।
3. रेख OP का लंबसमद्विभाजक खींचिए। मध्यबिंदु को M नाम दें।
4. M को केंद्र और त्रिज्या OM लेकर चाप खींचिए जो मूल वृत्त को A और B में प्रतिच्छेदित करें।
5. रेखा PA और PB खींचिए। ये अभीष्ट स्पर्श रेखाएँ हैं।
2. केंद्र O से 7.3 सेमी दूरी पर बिंदु P लीजिए।
3. रेख OP का लंबसमद्विभाजक खींचिए। मध्यबिंदु को M नाम दें।
4. M को केंद्र और त्रिज्या OM लेकर चाप खींचिए जो मूल वृत्त को A और B में प्रतिच्छेदित करें।
5. रेखा PA और PB खींचिए। ये अभीष्ट स्पर्श रेखाएँ हैं।
(4)
30 सेमी त्रिज्या के एक ठोस गोले को पिघलाकर उससे 10 सेमी त्रिज्या वाले तथा 6 सेमी ऊँचाई वाले ठोस वृत्ताकार बेलन बनाए गए तो उससे बने वृत्ताकार बेलनों की संख्या ज्ञात कीजिए।
हल:
माना \(n\) बेलन बनेंगे।
गोले का घनफल = \(n \times\) एक बेलन का घनफल
गोला: \(R = 30\). बेलन: \(r = 10, h = 6\).
\(\frac{4}{3} \pi R^3 = n \times \pi r^2 h\)
\(\frac{4}{3} (30)^3 = n (10)^2 (6)\)
\(\frac{4}{3} \times 27000 = n \times 100 \times 6\)
\(36000 = 600n\)
\(n = \frac{36000}{600} = 60\).
उत्तर: 60 बेलन बनेंगे।
गोले का घनफल = \(n \times\) एक बेलन का घनफल
गोला: \(R = 30\). बेलन: \(r = 10, h = 6\).
\(\frac{4}{3} \pi R^3 = n \times \pi r^2 h\)
\(\frac{4}{3} (30)^3 = n (10)^2 (6)\)
\(\frac{4}{3} \times 27000 = n \times 100 \times 6\)
\(36000 = 600n\)
\(n = \frac{36000}{600} = 60\).
उत्तर: 60 बेलन बनेंगे।
प्रश्न ४. निम्नलिखित उपप्रश्न हल कीजिए (कोई दो) : (8 अंक)
(1)
नीचे दी गई आकृति में \(DE \parallel BC\)। (i) यदि DE=4, BC=8, A(\(\Delta\)ADE)=25, तो A(\(\Delta\)ABC) ज्ञात कीजिए। (ii) यदि DE:BC = 3:5, तो A(\(\Delta\)ADE) : A(\(\square\)DBCE) ज्ञात कीजिए।
हल:
\(DE \parallel BC\) होने के कारण, \(\Delta ADE \sim \Delta ABC\) (को-को कसौटी)।
(i) समरूप त्रिभुजों के क्षेत्रफलों के प्रमेय से:
\(\frac{A(\Delta ADE)}{A(\Delta ABC)} = \frac{DE^2}{BC^2} = (\frac{4}{8})^2 = (\frac{1}{2})^2 = \frac{1}{4}\)
\(\frac{25}{A(\Delta ABC)} = \frac{1}{4} \implies A(\Delta ABC) = 100\) वर्गसेमी।
(ii) यदि \(DE:BC = 3:5\), तो क्षेत्रफलों का अनुपात = \(3^2:5^2 = 9:25\).
माना \(A(\Delta ADE) = 9k\) और \(A(\Delta ABC) = 25k\).
\(\square DBCE\) का क्षेत्रफल = \(A(\Delta ABC) - A(\Delta ADE) = 25k - 9k = 16k\).
अनुपात \(A(\Delta ADE) : A(\square DBCE) = 9k : 16k = 9:16\).
(i) समरूप त्रिभुजों के क्षेत्रफलों के प्रमेय से:
\(\frac{A(\Delta ADE)}{A(\Delta ABC)} = \frac{DE^2}{BC^2} = (\frac{4}{8})^2 = (\frac{1}{2})^2 = \frac{1}{4}\)
\(\frac{25}{A(\Delta ABC)} = \frac{1}{4} \implies A(\Delta ABC) = 100\) वर्गसेमी।
(ii) यदि \(DE:BC = 3:5\), तो क्षेत्रफलों का अनुपात = \(3^2:5^2 = 9:25\).
माना \(A(\Delta ADE) = 9k\) और \(A(\Delta ABC) = 25k\).
\(\square DBCE\) का क्षेत्रफल = \(A(\Delta ABC) - A(\Delta ADE) = 25k - 9k = 16k\).
अनुपात \(A(\Delta ADE) : A(\square DBCE) = 9k : 16k = 9:16\).
(2)
\(\Delta ABC \sim \Delta PQR\)। \(\Delta ABC\) में, \(AB=3.6, BC=4, AC=4.2\)। \(\Delta ABC\) और \(\Delta PQR\) की संगत भुजाओं का अनुपात 2:3 है, तो \(\Delta ABC\) और \(\Delta PQR\) की रचना कीजिए।
हल:
दिया गया है: \(\frac{AB}{PQ} = \frac{BC}{QR} = \frac{AC}{PR} = \frac{2}{3}\)।
\(\Delta PQR\) की भुजाओं की गणना:
\(PQ = \frac{3}{2} AB = 1.5 \times 3.6 = 5.4\) सेमी।
\(QR = \frac{3}{2} BC = 1.5 \times 4 = 6.0\) सेमी।
\(PR = \frac{3}{2} AC = 1.5 \times 4.2 = 6.3\) सेमी।
रचना:
1. भुजाएँ 3.6, 4, 4.2 लेकर \(\Delta ABC\) बनाइए।
2. भुजाएँ 5.4, 6, 6.3 लेकर \(\Delta PQR\) बनाइए।
\(\Delta PQR\) की भुजाओं की गणना:
\(PQ = \frac{3}{2} AB = 1.5 \times 3.6 = 5.4\) सेमी।
\(QR = \frac{3}{2} BC = 1.5 \times 4 = 6.0\) सेमी।
\(PR = \frac{3}{2} AC = 1.5 \times 4.2 = 6.3\) सेमी।
रचना:
1. भुजाएँ 3.6, 4, 4.2 लेकर \(\Delta ABC\) बनाइए।
2. भुजाएँ 5.4, 6, 6.3 लेकर \(\Delta PQR\) बनाइए।
(3)
शंकु छेद के वृत्ताकार भाग की त्रिज्या क्रमशः 14 सेमी तथा 8 सेमी है। यदि शंकु छेद की ऊँचाई 8 सेमी हो, तो निम्नलिखित के मान ज्ञात कीजिए : (\(\pi = 3.14\)) (i) वक्रपृष्ठफल (ii) संपूर्ण पृष्ठफल (iii) घनफल।
हल:
\(r_1 = 14, r_2 = 8, h = 8\).
तिरछी ऊँचाई \(l = \sqrt{h^2 + (r_1-r_2)^2} = \sqrt{8^2 + 6^2} = \sqrt{64+36} = 10\) सेमी।
(i) वक्रपृष्ठफल = \(\pi(r_1+r_2)l = 3.14(14+8)10 = 3.14(220) = 690.8\) वर्गसेमी।
(ii) संपूर्ण पृष्ठफल = वक्रपृष्ठफल + \(\pi r_1^2 + \pi r_2^2\)
\(= 690.8 + 3.14(14^2) + 3.14(8^2)\)
\(= 690.8 + 3.14(196) + 3.14(64) = 690.8 + 615.44 + 200.96 = 1507.2\) वर्गसेमी।
(iii) घनफल = \(\frac{1}{3} \pi h (r_1^2 + r_2^2 + r_1r_2)\)
\(= \frac{1}{3} (3.14)(8) (196 + 64 + 112)\)
\(= \frac{25.12}{3} (372) = 25.12 \times 124 = 3114.88\) घनसेमी।
तिरछी ऊँचाई \(l = \sqrt{h^2 + (r_1-r_2)^2} = \sqrt{8^2 + 6^2} = \sqrt{64+36} = 10\) सेमी।
(i) वक्रपृष्ठफल = \(\pi(r_1+r_2)l = 3.14(14+8)10 = 3.14(220) = 690.8\) वर्गसेमी।
(ii) संपूर्ण पृष्ठफल = वक्रपृष्ठफल + \(\pi r_1^2 + \pi r_2^2\)
\(= 690.8 + 3.14(14^2) + 3.14(8^2)\)
\(= 690.8 + 3.14(196) + 3.14(64) = 690.8 + 615.44 + 200.96 = 1507.2\) वर्गसेमी।
(iii) घनफल = \(\frac{1}{3} \pi h (r_1^2 + r_2^2 + r_1r_2)\)
\(= \frac{1}{3} (3.14)(8) (196 + 64 + 112)\)
\(= \frac{25.12}{3} (372) = 25.12 \times 124 = 3114.88\) घनसेमी।
प्रश्न ५. निम्नलिखित उपप्रश्न हल कीजिए (कोई एक) : (3 अंक)
(1)
ABCD एक आयत है। रेख AD को व्यास मानकर विकर्ण BD को बिंदु X में प्रतिच्छेदित करने वाला एक अर्धवृत्त AXD बनाया गया। यदि AB = 12 सेमी, AD = 9 सेमी, तो BD और BX के मान ज्ञात कीजिए।
हल:
\(\Delta DAB\) में, \(\angle A = 90^\circ\) (आयत का कोण)।
\(BD = \sqrt{12^2 + 9^2} = \sqrt{144+81} = \sqrt{225} = 15\) सेमी।
AD अर्धवृत्त का व्यास है, अतः \(\angle AXD = 90^\circ\) (अर्धवृत्त का कोण)।
इसलिए, \(AX \perp BD\)।
समकोण \(\Delta DAB\) में, रेख AX कर्ण पर डाला गया लंब है।
भूमितीय माध्य के गुणधर्म अनुसार (या समरूपता से): \(AB^2 = BX \times BD\)।
\(12^2 = BX \times 15\)
\(144 = 15 BX\)
\(BX = \frac{144}{15} = 9.6\) सेमी।
उत्तर: BD = 15 सेमी, BX = 9.6 सेमी।
\(BD = \sqrt{12^2 + 9^2} = \sqrt{144+81} = \sqrt{225} = 15\) सेमी।
AD अर्धवृत्त का व्यास है, अतः \(\angle AXD = 90^\circ\) (अर्धवृत्त का कोण)।
इसलिए, \(AX \perp BD\)।
समकोण \(\Delta DAB\) में, रेख AX कर्ण पर डाला गया लंब है।
भूमितीय माध्य के गुणधर्म अनुसार (या समरूपता से): \(AB^2 = BX \times BD\)।
\(12^2 = BX \times 15\)
\(144 = 15 BX\)
\(BX = \frac{144}{15} = 9.6\) सेमी।
उत्तर: BD = 15 सेमी, BX = 9.6 सेमी।
(2)
\(\theta = 30^\circ\) लेकर निम्नलिखित त्रिकोणमितीय सर्वसमिकाओं की जाँच कीजिए : (i) \(\sin^2 \theta + \cos^2 \theta = 1\), (ii) \(1 + \tan^2 \theta = \sec^2 \theta\), (iii) \(1 + \cot^2 \theta = \text{cosec}^2 \theta\)।
हल:
(i) \(\sin^2 30^\circ + \cos^2 30^\circ = (\frac{1}{2})^2 + (\frac{\sqrt{3}}{2})^2 = \frac{1}{4} + \frac{3}{4} = \frac{4}{4} = 1\). सत्यापित हुआ।
(ii) \(1 + \tan^2 30^\circ = 1 + (\frac{1}{\sqrt{3}})^2 = 1 + \frac{1}{3} = \frac{4}{3}\).
\(\sec^2 30^\circ = (\frac{2}{\sqrt{3}})^2 = \frac{4}{3}\). बायाँ पक्ष = दायाँ पक्ष। सत्यापित हुआ।
(iii) \(1 + \cot^2 30^\circ = 1 + (\sqrt{3})^2 = 1 + 3 = 4\).
\(\text{cosec}^2 30^\circ = (2)^2 = 4\). बायाँ पक्ष = दायाँ पक्ष। सत्यापित हुआ।
(ii) \(1 + \tan^2 30^\circ = 1 + (\frac{1}{\sqrt{3}})^2 = 1 + \frac{1}{3} = \frac{4}{3}\).
\(\sec^2 30^\circ = (\frac{2}{\sqrt{3}})^2 = \frac{4}{3}\). बायाँ पक्ष = दायाँ पक्ष। सत्यापित हुआ।
(iii) \(1 + \cot^2 30^\circ = 1 + (\sqrt{3})^2 = 1 + 3 = 4\).
\(\text{cosec}^2 30^\circ = (2)^2 = 4\). बायाँ पक्ष = दायाँ पक्ष। सत्यापित हुआ।